LPG संकट के बीच साइबर ठगों का बड़ा हमला: गैस बुकिंग के नाम पर खाली हो रहे बैंक खाते, I4C ने जारी की चेतावनी

नई दिल्ली: देश में एलपीजी (LPG) की आपूर्ति को लेकर मचे घमासान और अंतरराष्ट्रीय तनाव (इजरायल-ईरान-अमेरिका विवाद) के बीच अब एक नया खतरा मंडराने लगा है। गैस की कमी का फायदा उठाकर साइबर अपराधी (Cyber Criminals) सक्रिय हो गए हैं। देशभर में एलपीजी बुकिंग के नाम पर धोखाधड़ी के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं, जिसे देखते हुए Indian Cyber Crime Coordination Centre (I4C) ने देशव्यापी एडवाइजरी जारी की है।
1. कैसे जाल बिछा रहे हैं साइबर ठग?
I4C के अनुसार, ठगों ने लोगों की मजबूरी को अपना हथियार बनाया है। ठगी का तरीका कुछ इस प्रकार है:
- फर्जी लिंक का सहारा: WhatsApp, SMS और सोशल मीडिया के जरिए “तुरंत गैस बुकिंग” या “डिलीवरी कंफर्मेशन” के मैसेज भेजे जा रहे हैं।
- क्लोन वेबसाइट: ये लिंक ग्राहकों को ऐसी वेबसाइट पर ले जाते हैं जो हूबहू आधिकारिक गैस एजेंसी (Indane, HP, Bharat Gas) जैसी दिखती हैं।
- डेटा चोरी: बुकिंग के नाम पर ग्राहकों से उनके OTP, पिन, बैंक डिटेल्स और आधार नंबर जैसी संवेदनशील जानकारी मांगी जा रही है।
- रिमोट एक्सेस ऐप्स: कई मामलों में ठग ग्राहकों को अनजान APK फाइल या ऐप डाउनलोड करने के लिए मजबूर करते हैं, जिससे वे आपके फोन का पूरा कंट्रोल हासिल कर लेते हैं।
2. ‘तत्काल सप्लाई’ के झांसे में न आएं
साइबर एक्सपर्ट्स का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय अस्थिरता के कारण एलपीजी की सप्लाई चेन प्रभावित हुई है। इसी घबराहट का लाभ उठाकर ठग ‘इंस्टेंट एलपीजी बुकिंग’ का दावा कर रहे हैं। महानगरों से लेकर छोटे शहरों तक, सैकड़ों लोग इन फर्जी लुभावने ऑफर्स के चक्कर में अपना बैंक खाता खाली करवा चुके हैं।
3. धोखाधड़ी पहचानने के मुख्य संकेत (Red Flags)
अगर आपको भी ऐसा कोई मैसेज मिलता है, तो इन संकेतों से पहचानें कि वह फर्जी है:
- अजीब यूआरएल (URL): आधिकारिक वेबसाइट की जगह संदिग्ध स्पेलिंग वाले लिंक।
- गोपनीय जानकारी की मांग: बैंक खाता, डेबिट कार्ड नंबर या OTP मांगना।
- जल्दबाजी का दबाव: “अभी बुक करें वरना कनेक्शन कट जाएगा” जैसे डराने वाले संदेश।
- QR कोड स्कैन: बुकिंग के लिए QR कोड स्कैन करने या अनजान ऐप डाउनलोड करने का दबाव।
4. सरकार की अपील: केवल आधिकारिक माध्यमों का करें उपयोग
केंद्र सरकार और एलपीजी प्रदाताओं ने स्पष्ट किया है कि कोई भी अधिकृत कंपनी फोन पर आपसे OTP या बैंक डिटेल्स नहीं मांगती है। सुरक्षित रहने के लिए हमेशा निम्नलिखित आधिकारिक ऐप्स का ही उपयोग करें:
- Indane: IndianOil One App
- HP Gas: HP Pay App
- Bharat Gas: Hello BPCL App
- UMANG App या आधिकारिक वेबसाइट।
5. बचाव के लिए जरूरी सावधानी (Safety Tips)
साइबर ठगी से बचने के लिए इन 4 बातों का गांठ बांध लें:
- सत्यापित प्लेटफॉर्म: केवल आधिकारिक वेबसाइट या रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर से ही गैस बुक करें।
- लिंक पर क्लिक न करें: अनजान नंबर से आए किसी भी ‘सब्सिडी’ या ‘बुकिंग’ लिंक को न खोलें।
- OTP साझा न करें: अपना ट्रांजैक्शन पिन या OTP किसी भी परिस्थिति में किसी को न बताएं।
- तुरंत रिपोर्ट करें: यदि आप ठगी का शिकार होते हैं, तो तुरंत राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें।
निष्कर्ष:
सतर्कता ही बचाव है। एलपीजी की कमी एक अस्थायी समस्या हो सकती है, लेकिन एक छोटी सी लापरवाही आपकी जमापूंजी खत्म कर सकती है। सुरक्षित रहें और केवल भरोसेमंद स्रोतों पर ही विश्वास करें।




